दयालबाग में राधास्वामी सत्संग सभा द्वारा पोइया घाट पर किये गए तथाकथित कब्जे का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। कुछ महीने पहले बाड़बंदी कर सत्संग सभा ने कथित तौर पर जो यमुना के डूब क्षेत्र में अतिक्रमण कर खेती और निर्माण शुरू कर दिए थे, उसी श्रृंखला में बुधवार को बन रही एक इंटरलॉकिंग टाइल्स की सड़क, और एक अन्य पक्की सड़क के निर्माण को आगरा जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल के निर्देश पर क्षेत्रीय मजिस्ट्रेट संजीव कुमार शाक्य ने रुकवा दिया है।
गौरतलब है कि सत्संग सभा के इस क्षेत्र में चल रहे क्रियाकलापों को लेकर पिछले अप्रैल से ही स्थानीय निवासी लगातार आपत्ति जता रहे थे। अप्रैल माह में ही सत्संग सभा ने इस क्षेत्र में अपने बोर्ड लगा दिए थे, जिसके बाद लोहे कि कंटेनर रखकर अपनी संपत्ति बताने लगे। लगभग 50 एकड़ भूमि पर बैरिकेडिंग व तार लगा दिए गए, जिसको अवैध कब्जा मानते हुए आगरा प्रशासन ने बोर्ड हटवा दिए थे लेकिन सत्संग सभा ने दोबारा लगा लिए।
इसी क्षेत्र में जहाँ बैरिकेडिंग व तार लगाए गए, वहाँ इंटरलॉकिंग टाइल्स से पिछले सप्ताह एक नई सड़क बन गई जिसकी प्रशासन को भनक तक नहीं लगी। बुधवार को इंटरलॉकिंग टाइल्स के बराबर से दूसरी सड़क बनाने के लिए लाल गिट्टियाँ बिछाई जा रही थीं, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो देखते ही जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल ने क्षेत्रीय मजिस्ट्रेट संजीव कुमार शाक्य को भेजकर निर्माण कार्य रुकवा दिया।
जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल ने बताया कि वीडियो के आधार पर जाँच के लिए क्षेत्रीय मजिस्ट्रेट को भेजा था। डूब क्षेत्र में निर्माण रुकवा दिया गया है जिसपर सत्संग सभा ने निजी भूमि बता आपत्ति जताई है। जिलाधिकारी ने बताया कि बृहस्पतिवार को सत्संग सभा अपना पक्ष रखेगी और उनके दस्तावेज़ों की जाँच होगी।
दयालबाग क्षेत्र में चक रोड पर कब्जा करने पर पिछले साल सत्संग सभा पदाधिकारियों के खिलाफ न्यू आगरा थाना में एफआईआर दर्ज हो चुकी है। तब कब्जा हटाने गई तत्कालीन ज़्वॉनइंट मजिस्ट्रेट से अभद्रता की गई थी। जिसके बाद तत्कालीन जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने सत्संग सभा पदाधिकारियों को अनुचित कार्य नहीं करने के निर्देश दिए थे, लेकिन जिलाधिकारी के ट्रांसफर के बाद फिर चक रोड बंद हो गया।
दयालबाग क्षेत्र में नदी किनारे आधा दर्जन से अधिक गाँव हैं। बैरिकेडिंग किये जाने से गाँव के रास्ते बंद हो गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सत्संग सभा सुनियोजित ढंग से सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे व निर्माण कर रही है। साफ सफाई व सांस्कृतिक गतिविधियों के नाम पर बोर्ड लगा कर सरकारी भूमि व डूब क्षेत्र में कब्जे का खेल चल रहा है।

